बांस के खम्भे से टकराई पीकअप, करंट से कई बच्चे झुलसे

विवाह समारोह में अचानक पसर गया मातम

मुजफ्फरपुर। बिहार के मुजफ्फरपुर जिला अन्तर्गत सिवाईपट्टी थाना के छितरा गांव में करंट की चपेट में आकर सात बच्चों समेत नौ लोगो के झुलस जाने से लोगो में आक्रोश है।

यह दर्दनाक हादसा बांस से बने बिजली के एक खम्भा में पिकअप की टक्कर से हुई। बताया जा रहा है कि टक्कर के बाद 440 वोल्टस का लोटेंसन तार टूट कर जमीन पर आ गिरा। लिहाजा, सात बच्चा समेत कुल नौ लोग बूरी तरीके से झुलस गए। झुलसे हुए सभी लोगो का अस्पताल में इलाज चल रहा है। घटना बुधवार की शाम करीब पांच बजे की बताई जा रही है। दुर्घटनाग्रस्त पीकअप एक म्यूजिकल कंपनी का बताया जा रहा है। हालांकि, घटना के बाद वह भागने में सफल हो गया है। सिवाईपट्टी के प्रभारी थाना अध्यक्ष प्रभु साह ने इतनी बड़ी घटना की जानकारी होने से अनभिज्ञता प्रकट की है। बताया जा रहा है कि गांव में एक विवाह समारोह के दौरान यह हादसा हो गया।
कैसे हुआ इतना बड़ा हादसा
घटना के प्रत्यक्षदर्शी श्याम कुमार, चंदन यादव आदि ने बताया कि गांव में बांस के खम्भे के सहारे बिजली की आपूर्ति की जाती है। म्यूजिकल कंपनी का एक पीकअप उसी खम्भे से टकरा गया। जिससे आपूर्ति लाइन का तार टूट कर जमीन पर आ गिरा और बच्चे उसकी चपेट में आ कर झुलस गये हैं। अमीत साह ने बताया कि इस घटना के लिए एस्सेल के अधिकारी पूरी तरह से जिम्मेदार है। क्योंकि, ग्रामीणो के द्वारा लम्बे समय से यहां बिजली का खम्भा लगाने की मांग किया जा रहा है। ग्रामीणो ने इसके लिए कई बार विभाग को आवेदन भी दिया। बावजूद इसके एस्सेल के अधिकारियों ने इसको गंभीरता से नही लिया और आज यह बड़ी घटना हो गई है। घटना के बाद ग्रामीणो में एस्सेल के प्रति काफी आक्रोश है।
ग्रामीण करेंगे आंदोलन
छितरा के हरेन्द्र राय ने एस्सेल पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए एक जुलाई को कड़चौलिया राजेपुर सड़क को जाम करने की घोषणा कर दी है। वही जदयू पंचायत प्रकोष्ठ के अध्यक्ष मिथलेश यादव ने एस्सेल से मुआवजा देने की मांग की है। समाजिक कार्यकर्ता मो. सदरूल खान ने एस्सेल के मनमानी के खिलाफ 23 जून को बैठक करके रणनीति बनाने का ऐलान कर दिया है। बहरहाल, इस घटना से लोगो में एस्सेल के खिलाफ जबरदस्त आक्रोश है।