बूढ़ी गंडक के जलस्तर में जारी है बढ़ोतरी

मौसम विभाग ने बारिश की दी चेतावनी

मुजफ्फरपुर। बाढ़ में घिरे लोगो की मुश्किलें अभी और बढ़ने की उम्मीद है। कहतें हैं कि बाढ़ का कहर अभी थमा भी नहीं था कि आज मौसम विभाग ने फिर से सुबे में बारिश की चेतावनी जारी कर दी है। गया, भागलपुर,अररिया, कटिहार दरभंगा और भी कई अन्य जिलों में बारिश की संभावना जताई गयी है। इस बीच बिहार में बाढ़ का प्रकोप जारी है। राज्य के 18 जिले बाढ़ की चपेट में आ गयें हैं।
इधर, मुजफ्फरपुर के नये इलाकों में पानी का बहाव तीसरे दिन भी जारी है। रजबाड़ा बांध टूटने के बाद शहर पर बाढ़ का खतरा मंडराने लगा है। उफनाई बूढ़ी गंडक का पानी शहर के कई निचले इलाकों में घुस गया। मुजफ्फरपुर के राष्ट्रीय लीची अनुसंधान केंद्र की दीवार ढह गई। दोपहर तक मुशहरी थाना, पीएचसी, पशु अस्पताल के अलावा कई स्कूलों में भी पानी घुस गया। इधर, मीनापुर का पुरा इलाका बूढ़ी गंडक की चपेट में आ गया है। करीब 100 से अधिक गांवों का सड़क संपर्क टूट चुका है।
समस्तीपुर में भी बाढ़ का कहर जारी है। बूढ़ी गंडक और करेह नदी के जलस्तर में लगातार बृद्धि जारी है। कल्याणपुर के समीप तीन स्लूइस गेट पर रिसाव शुरू हो जाने से लोग दहशत में है। दरभंगा शहर के उत्तरी हिस्से में बाढ़ का पानी खतरनाक लेने लगा है। बेतिया में पानी उतरने के बाद प्रशासन आवागमन को बहाल करने की मशक्कत में जुट गई है। गोपालगंज के सिधवलिया व बैकुंठपुर के नए इलाके में पानी फैल गया है। यहां सेना के जवान राहत कार्य में लगे हैं। कोसी व सीमांचल के बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में तेज धूप व जमा पानी के सड़ने से महामारी की आशंका बढ़ गई है।
बिहार में बाढ़ से मरने वालों का आंकड़ा बढ़ता ही जा रहा है। यह संख्या 200 के पार पहुंच गई है। लाखों लोग गांव छोड़कर सुरक्षित स्थानो पर शरण लिए हुयें हैं। एनडीआरएफ की टीमें राहत कार्य में जुटी हैं।